आईटीआर(ITR)(नॉन-ऑडिट मामलों के लिए ) भरने की आख़िरी तारीख़ 31 अगस्त तक बढ़ा दी गई है

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नॉन-ऑडिट मामलों में टैक्स देने वालों के लिए, जिन्होंने अब तक अपना  इनकम टैक्स/आयकर रिटर्न नहीं भरा है यहाँ एक अच्छी खबर है।

वित्त मंत्रालय ने आईटीआर(ITR) (इनकम टैक्स/आयकर रिटर्न) भरने की आख़िरी तारीख 31 जुलाई 2018 से 31 अगस्त 2018  तक बढ़ाने की घोषणा की है।

अगर आप उन टैक्स देने वालों/करदाताओं की श्रेणी में आते हैं जिन्हें 31 जुलाई से पहले रिटर्न भरना था ,(इसमें केवल नॉन -ऑडिट केस शामिल हैं), तो यह आपके लिए एक बड़ी राहत हो सकती है। जबकि, ऑडिट केस वालों के लिए तारीख़ 30 सितंबर ही है। भारी जुर्माने से बचने के लिए इसे आख़िरी मौका समझ कर समय पर टैक्स भरें क्योंकि फिर से ये तारीख़ आगे नहीं खिसकाई जाएगी ।

अगर आप  यह नहीं जानते हैं कि कौन सी आईटीआर (ITR) फाइल करनी है ? तो आइए इस पर एक नजर डालते हैं:

आईटीआर(ITR)- 3

नीचे दिए गए  स्रोतों से कमाने वाले  व्यक्ति आईटीआर 3 भर सकते हैं:

  • प्रोप्राइटरी बिज़नेस या पेशा(प्रोफ़ेशन)
  • इसके अलावा, इस टैक्स रिटर्न में घर संपत्ति, वेतन / पेंशन और अन्य स्रोतों से होने वाली आय भी शामिल हो सकती है

आईटीआर(ITR)- 4

अगर आपने इनकम टैक्स एक्ट (आयकर अधिनियम) की धारा 44 AD(एडी),  धारा 44 ADA(एडीए) और धारा 44 AE(एई) के अनुसार अनुमानित आय योजना को चुना है तो इस आईटीआर को भरें। हालांकि, अगर आपके बिज़नेस का टर्नओवर 2 करोड़ रुपये से ज़्यादा है, तो आपको आईटीआर -3 भरना होगा।

आईटीआर(ITR)- 5

आईटीआर(ITR)-5 फर्मों, एलएलपी (सीमित देयता भागीदारी/लिमिटेड लायबिलिटी पार्टनरशिप ), एओपी (व्यक्तियों का संघ/एसोसिएशन ऑफ़ पर्सन्स) और बीओआई (व्यक्तियों का समूह/बॉडी ऑफ़ इंडिवीजुअल्स) के लिए है।

आईटीआर(ITR)- 6(यह रिटर्न केवल इलेक्ट्रॉनिक रूप से भरी जाती है)

धारा 11 के अंदर दी गयी छूट का दावा करने वाली कंपनियों के अलावा अन्य कंपनियां (धर्मार्थ या धार्मिक उद्देश्यों के लिए संपत्ति से आय)।

आईटीआर(ITR)- 7

अगर आप नीचे दिए गए क्षेत्रों में से किसी से संबंधित हैं तो आपको यह आईटीआर(ITR ) फाइल करने की ज़रुरत है:

  • साइंटिफिक रिसर्च एसोसिएशन (वैज्ञानिक अनुसंधान संघ)
  • समाचार एजेंसी
  • धारा 10(23A) में बताए गए संघ या संस्थान
  • धारा 10(23B) में बताए गए संस्थान
  • फंड या संस्था या अन्य शैक्षणिक संस्थान या कोई अस्पताल या अन्य चिकित्सा संस्थान।
  • अगर आपकी आय ट्रस्ट के तहत आने वाली संपत्ति से या धर्मार्थ या धार्मिक उद्देश्यों या ऐसे ही किन्हीं उद्देश्यों

      के लिए अन्य कानूनी दायित्व से ली गई संपत्ति से है ।

आपके बिज़नेस के प्रकार के आधार पर, पहले बताए गए फॉर्मों में से कोई भी एक आईटीआर फॉर्म जो आपके बिज़नेस पर लागू होता है आप भर सकते हैं।

आईटीआर फाइल करने के लिए ज़रूरी डॉक्युमेंट्स:

  1. लाभ और हानि अकाउंट और बैलेंस शीट
  2. बुक्स ऑफ़ अकाउंट्स (बही खाते) (यदि लागू हों)
  3. बैंक स्टेटमेंट्स
  4. बिक्री रजिस्टर्स या पूरे साल की बिक्री की जानकारी
  5. खरीद रजिस्टर्स या पूरे साल की खरीद (कैपिटल एसेट/पूंजीगत संपत्ति) की जानकारी
  6. TDS सर्टिफिकेट / फॉर्म 16A (यदि उपलब्ध हो)
  7.  VAT रिटर्न/सर्विस टैक्स रिटर्न
  8.  रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट
  9.  बिजनेस से संबंधित खर्चे की जानकारी
  10. बिजनेस आय के अलावा अन्य आय (कैपिटल गेन, वेतन, किराया, ब्याज, आदि) की जानकारी
  11.  टैक्स बचत के लिए किए गए निवेश के सबूत
  12. सही और तत्काल एक्सेस के लिए, यह सलाह दी जाती है कि हमेशा बिज़नेस  अकाउंटिंग सॉफ्टवेयर से अपना बिज़नेस डेटा बनाएं l अगर आपके पास कोई अकाउंटिंग सॉफ्टवेयर नहीं है, तो  भारतीय बिज़नेस के लिए सबसे अच्छा GST- कम्पेटिबल अकॉउंटिंग सॉफ्टवेयर व्यापार का इस्तेमाल करना शुरू करें – फ्री  ट्रायल के लिए अभी डाउनलोड करें।

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